भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर सियासत तेज हो गई है। राहुल गांधी ने जीरो ड्यूटी को लेकर सवाल उठाए, जिस पर मंत्री पीयूष गोयल ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने राहुल गांधी को नासमझ बताते हुए कहा कि भारत को भी वही सुविधा मिलेगी और आयात-प्रोसेस-निर्यात की नीति पहले से लागू है।
अमेरिका और भारत के बीच हुए हालिया व्यापार समझौते को लेकर देशभर से मिली जुली प्रतिक्रियाएं सामने आ रही है। केंद्र सरकार इसे भारत की बड़ी जीत के तौर पर सामने रख रहा है। वहीं विपक्ष इसे भारत की हार और अमेरिका की जीत के तौर पर बता रहा है। इसी बीच इस व्यापार समझौते को लेकर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के आरोपों पर केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि इतने नासमझ व्यक्ति को नेता विपक्ष कैसे बना गया।
गोयल ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी अर्थव्यवस्था को समझे बिना गलत बयान देते हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी यह नहीं समझ पा रही है कि जिस आदमी को अर्थव्यवस्था की कोई समझ नहीं है, उनके पास झूठ, धोखा और ट्वीट करने वाले बयानों के अलावा कुछ भी नहीं है, वह सच से हजारों मील दूर है।
अब समझिए राहुल के आरोप और गोयल का पलटवार
बता दें कि राहुल गांधी ने दावा किया था कि अगर बांग्लादेश अमेरिका से सूत या कपास खरीदता है तो उसे अमेरिका में शून्य शुल्क (जीरो ड्यूटी) पर कपड़ा निर्यात करने की छूट मिलती है। इसपर पीयूष गोयल ने कहा कि भारत को भी यही सुविधा मिलेगी। अगर भारतीय निर्यातक अमेरिका से कपास या सूत खरीदकर यहां प्रोसेस करेंगे और फिर अमेरिका को निर्यात करेंगे, तो उन्हें भी जीरो ड्यूटी का लाभ मिलेगा।उन्होंने कहा कि यह कोई नई व्यवस्था नहीं है, बल्कि यह प्रावधान पहले से मौजूद है।
कपास उत्पादन क्षमता बढ़ेगी- गोयल
गोयल ने अपने बयान में इस बात पर भी जोर दिया कि भारत की कपास उत्पादन क्षमता आगे बढ़ेगी और उसकी मांग भी बढ़ेगी। आयात करके यहां प्रोसेस कर फिर निर्यात करने की नीति कोई नई बात नहीं है, बल्कि यह वर्षों से विदेशी व्यापार नीति का हिस्सा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय बना SEZ कानून साफ कहता है कि कच्चा माल जीरो ड्यूटी पर आयात कर उसे प्रोसेस कर निर्यात किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इससे रोजगार बढ़ेगा, विदेशी मुद्रा आएगी और देश की आर्थिक ताकत मजबूत होगी।



