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भारत&ऑस्ट्रेलिया :कोहली की तरह विकेटों का जश्न मनाते तो ‘सबसे बुरे इंसान’ कहलाते ऑस्ट्रेलियाई

 ऑस्ट्रेलियाई कोच जस्टिन लेंगर ने भारत के खिलाफ पहले टेस्ट मैच के दौरान भारतीय कप्तान विराट कोहली के जश्न के अंदाज पर सवाल उठाए हैं. लेंगर ने कहा कि यदि उनके खिलाड़ी कोहली की तरह विकेटों का जश्न मनाते तो उन्हें अब तक ‘दुनिया के सबसे बदतर इंसान’ करार दे दिया गया होता. लेंगर ने इसके अलावा पहले टेस्ट के दूसरे दिन ऑस्ट्रेलिया की धीमी बल्लेबाजी को लेकर सचिन तेंदुलकर के ‘रक्षात्मक मानसिकता’ वाले ट्वीट पर भी ऐतराज जताया. 

भारतीय टीम ने शुक्रवार (7 दिसंबर) को ऑस्ट्रेलिया (India vs Australia) के सात विकेट झटके. विराट कोहली ने हर विकेट का अपने अंदाज में जश्न मनाया. लेंगर ने कहा कि वह जुनून देखकर उन्हें अच्छा लगा लेकिन ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर ऐसा करते तो उनके बारे में अलग राय बनाई जाती. उन्होंने कहा, ‘कोहली खेल का सुपरस्टार है और कप्तान है. हम ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट में इस पर लंबी बात करते आए हैं कि विरोधी कप्तान को दबाव में रखना है. खेल में वह जुनून देखकर अच्छा लगता है.’ 

जस्टिन लेंगर ने कहा, ‘यदि हम ऐसा कुछ करते तो हमें दुनिया में सबसे खराब कह दिया जाता. सीमारेखा की बात होने लगती. लेकिन मुझे जुनून देखकर अच्छा लगता है. लेकिन जैसा कि मैने कहा कि एक सीमा रेखा होती है.’ भारतीय कप्तान विराट कोहली ने सिर्फ विकेटों का जश्न ही नहीं मनाया, बल्कि उन्हें मैच के तीसरे दिन बारिश के बीच डांस करते भी देखा गया. इसके अलावा जब ऑस्ट्रेलिया के कप्तान टिम पैन बैटिंग कर रहे थे, तब विराट कोहली उनसे कुछ कहते देखे गए. हालांकि, टिम पैन ने उनका कोई जवाब नहीं दिया. 

इससे पहले सचिन तेंदुलकर ने ट्विटर पर लिखा, ‘टीम इंडिया को इस स्थिति का पूरा फायदा उठाकर अपनी पकड़ नहीं छोड़नी चाहिए. ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों की अपनी धरती पर रक्षात्मक मानसिकता मैने पहले कभी नहीं देखी.’ इसके जवाब में जस्टिन लेंगर ने कहा, ‘सचिन ने जिन टीमों के खिलाफ खेला, उनमें एलन बॉर्डर और डेविड बून, स्टीव और मार्क वॉ और रिकी पोंटिंग जैसे खिलाड़ी थे. हमारे पास ऐसी टीम है जिसके पास टेस्ट क्रिकेट का ज्यादा अनुभव नहीं है.’ 

ऑस्ट्रेलिया के जस्टिन लेंगर ने बॉल टैम्परिंग मामले के बाद टीम में कोच की भूमिका संभाली है. उन्होंने कोच बनने के बाद कहा था कि उनकी पहली प्राथमिकता ऑस्ट्रेलिया का सम्मान वापस लाना है. उन्होंने यह भी कहा था कि इसके लिए ऑस्ट्रेलियाई टीम न्यूजीलैंड क्रिकेट का कल्चर अपनाएगी. न्यूजीलैंड के क्रिकेटर विरोधियों को सम्मान करने के लिए जाने जाते हैं. ऐसा बहुत कम होता है कि न्यूजीलैंड के क्रिकेटर स्लेजिंग की शुरुआत करें.

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