टैक्सपेयर्स को स्टैंडर्ड डिडक्शन में बड़ी राहत की उम्मीद, ₹1 लाख तक बढ़ सकती है कटौती

केंद्रीय बजट 2026 (Budget Expectations 2026) से पहले, वेतनभोगी करदाताओं को बढ़ती महंगाई के कारण स्टैंडर्ड डिडक्शन में वृद्धि की उम्मीद है। वर्तमान में पुरानी व्यवस्था में ₹50,000 और नई में ₹75,000 का डिडक्शन मिलता है। विशेषज्ञ इसे ₹1 लाख तक बढ़ाने या आय के प्रतिशत से जोड़ने की मांग कर रहे हैं, जिससे मध्यम वर्ग और पेंशनभोगियों को सीधी राहत मिलेगी।

बजट पेश किए जाने में अब 1 हफ्ते का समय बचा है। बजट (Union Budget 2026) को लेकर सभी हितधारकों की उम्मीदें (Budget Expectations 2026) काफी ज्यादा हैं। अलग-अलग सेक्टर और वर्गों के लोग अपने-अपने लिए राहत, छूट और आवंटन की उम्मीद कर रहे हैं। इनमें सैलरी वर्ग टैक्सपेयर्स भी शामिल हैं, जिन्हें उम्मीद है कि बजट में टैक्स पर और राहत मिल सकती है।

किसे मिलेगी राहत?
वे टैक्सपेयर्स, जो सैलरी पाते हैं, उन्हें उम्मीद है कि बढ़ती महंगाई के मद्देनजर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2026, रविवार को पेश होने वाले यूनियन बजट 2026 में स्टैंडर्ड डिडक्शन बढ़ा सकती हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कई एक्सपर्ट्स के मुताबिक, ज्यादा स्टैंडर्ड डिडक्शन से तुरंत और सीधी टैक्स राहत मिलेगी।
ये राहत खास तौर से मिडिल क्लास लोगों और पेंशनर्स को मिलने की उम्मीद है। मगर ध्यान रहे कि ये पूरी तरह अनुमान और उम्मीद है।

कितने स्टैंडर्ड डिडक्शन की है मांग?
रिपोर्ट्स के अनुसार स्टैंडर्ड डिडक्शन को और बढ़ाने पर चर्चा जारी है। सैलरीड कर्मचारियों और रिटायर लोगों को अभी पुरानी टैक्स रिजीम के तहत ₹50,000 और नई रिजीम के तहत ₹75,000 का फिक्स्ड डिडक्शन मिलता है।
जानकारों का मानना है कि स्टैंडर्ड डिडक्शन को इनकम के एक तय परसेंटेज से जोड़ना चाहिए, जिसकी ऊपरी सीमा ₹1 लाख हो।

कैसे मिलता है स्टैंडर्ड डिडक्शन का लाभ?
टैक्सेबल इनकम तय करने के लिए, टैक्सपेयर की सैलरी वाली कमाई में से एक तय रकम घटाई जाती है, जिसे स्टैंडर्ड डिडक्शन कहते हैं। पेंशनर्स और सैलरी पाने वाले लोग इस डिडक्शन के लिए एलिजिबल होते हैं। इसके लिए किसी बिल, इन्वेस्टमेंट या खर्च के सबूत की जरूरत नहीं होती।

कब हुई थी ₹50000 की लिमिट?
2018 के बजट में तत्कालीन वित्त मंत्री अरुण जेटली ने स्टैंडर्ड डिडक्शन को बढ़ाकर ₹40000 और फिर 2019 के बजट में निर्मला सीतारमण ने बढ़ाकर ₹50000 कर दिया था।Edit

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